Site icon Samagra Bharat News website

मॉरीशस के पूर्व राष्ट्रपति अनिरुद्ध जगन्नाथ के निधन पर पीएम मोदी व सीएम नीतीश ने जताया शोक

Former Mauritius President Anirudh Jugnauth passed away on Thursday. This information was given in a statement of the Ministry

समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 5जून। मॉरीशस के पूर्व राष्ट्रपति अनिरुद्ध जगन्नाथ का बृहस्पतिवार को निधन हो गया था । गृह मंत्रालय के एक बयान में इस बात की जानकारी दी गई। सरकार ने मॉरीशस के पूर्व राष्ट्रपति अनिरुद्ध जगन्नाथ के सम्मान में शनिवार को एक दिन का राजकीय शोक घोषित किया है।
बयान में कहा गया है कि पूरे भारत में एक दिन के शोक के दौरान राष्ट्रीय ध्वज उन सभी इमारतों पर आधा झुका रहेगा जहां नियमित रूप से तिरंगा फहराया जाता है। इस दौरान कोई आधिकारिक मनोरंजक कार्यक्रम नहीं होगा। बयान में आगे कहा कहा गया है कि भारत सरकार ने फैसला किया है कि दिवंगत हस्ती के सम्मान में पूरे भारत में शनिवार को एक दिन का राजकीय शोक रहेगा।
वह 91 वर्ष के थे। दो बार मॉरीशस के राष्ट्रपति और छह बार प्रधानमंत्री के रूप में कार्य करने वाले जगन्नाथ को 2020 में भारत के दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को मॉरीशस के अपने समकक्ष प्रविंद जगन्नाथ से फोन पर बात की और वहां के पूर्व प्रधानमंत्री अनिरुद्ध जगन्नाथ के निधन पर शोक संवेदनाएं प्रकट की।

मोदी ने ट्वीट किया, ‘‘मैंने सर अनिरुद्ध जगन्नाथ के निधन पर शोक व्यक्त करने के लिए मॉरीशस के प्रधानमंत्री प्रविंद जगन्नाथ को फोन किया। सर अनिरुद्ध जगन्नाथ को हिंद महासागर क्षेत्र के सबसे बड़े राजनेताओं में एक और भारत की मॉरीशस के साथ विशेष मित्रता के प्रमुख वास्तुकार के रूप में याद किया जाएगा।’’

मोदी ने बृहस्पतिवार को एक ट्वीट में जगन्नाथ को एक ऐसा राजनेता बताया था जो आधुनिक मॉरीशस के निर्माता थे।

उन्होंने कहा, ‘‘एक गर्वित प्रवासी भारतीय, उन्होंने विशेष द्विपक्षीय संबंध बनाने में मदद की जो उनकी विरासत से लाभान्वित होगा।’’

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी मॉरीशस के पूर्व राष्ट्रपति एवं पूर्व प्रधानमंत्री अनिरुद्ध जगन्नाथ के निधन पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय मूल के स्व. जगन्नाथ की आधुनिक मॉरीशस के निर्माण में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका रही थी। संघर्ष का सफर तय करते हुए वे मॉरीशस के शीर्ष नेतृत्व तक पहुंचे थे। भारत सरकार ने उनके असाधारण योगदान के लिए उन्हें पद्म विभूषण सम्मान से भी सम्मानित किया था। उनकी पहचान एक जनप्रिय नेता की रही।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 2007 में मॉरीशस यात्रा के दौरान उनसे काफी आत्मीय मुलाकात रही थी। वो जब बिहार आए थे, उस वक्त भी उन्होंने हमारे साथ कई महत्वपूर्ण पल साझा किये थे। उनका निधन मेरे लिए भी व्यक्तिगत क्षति है। उनके साथ बिताये पल आज भी अंतर्मन में जिंदा हैं।

Exit mobile version