Site icon Samagra Bharat News website

कोविड महामारी के समय ऑनलाइन शिक्षा महत्वपूर्ण : राजीव रंजन प्रसाद

A Design Your Career session was organized by the Education Wing of the Global Kayastha Conference (GKC) in which people were given

समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली/ पटना 14 जून। ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस (जीकेसी) के शिक्षा प्रकोष्ठ के सौजन्य से डिज़ाइन योर कैरियर सत्र का आयोजन किया गया जिसमें लोगो को सही कैरियर चुनने और कैरियर के शिखर तक पहुंचने के टिप्स बताये गये।
(जीकेसी) के शिक्षा प्रकोष्ठ के सौजन्य से डिज़ाइन योर कैरियर सत्र का आयोजन वर्चुअल किया गया। वर्चुअल सत्र का संचालन डिजिटल और तकनीकी प्रकोष्ठ के ग्लोबल महासचिव श्री सौरभ श्रीवास्तव ने किया।इस अवसर पर जीकेसी ग्लोबल अध्यक्ष राजीव रंजन प्रसाद ने कहा कि सभी बच्चों को प्रारंभिक एवं आवश्यक शिक्षा देने के लिए ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस ने प्रण लिया है और उस दिशा में आगे बढ़ रहा है। कोविड जैसे इस वैश्विक महामारी के समय ऑनलाइन शिक्षा के महत्व पर बात करते हुए उन्होंने इसे एक आदर्श माध्यम माना एवं बच्चों के विकास एवं शिक्षा के लिए इसको जरूरी भी बताया।इस माध्यम के जरिये आने वाले समय में फेसबुक लाइव के जरिये और भी सत्रों का आयोजन किया जाएगा, जिससे बच्चों, अभिभावकों एवं समाज के और भी लोगों को प्रशिक्षित एवं जागरूक बनाया जा सके।
जीकेसी की प्रबंध न्यासी श्रीमती रागिनी रंजन ने इस कार्यक्रम में उपस्थित सभी बच्चों एवं अभिभाभकों को शुभकामनाएं दीं और कहा कि ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस शिक्षा के इस मुहिम को आगे ले जाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होने एक सत्र अभिभावकों के साथ भी रखने का सुझाव दिया। इससे बच्चों की शिक्षा से संभंधित जो भी समस्याएं होंगी उनपर चर्चा एवं आने वाले सत्रों में उनका निवारण कैसे हो उनपर बात की जा सके। उन्होंने डिजिटल एवं टेक्नोलॉजी टीम को एक रोडमैप बनाने को कहा और ज्यादा से ज्यादा बच्चों को कैसे जोड़ा जाए इसपर चर्चा की। उन्होंने इसे फ़ेसबुक प्लेटफार्म पर आयोजित करने की बात कही।
जीकेसी शिक्षा प्रकोष्ठ के ग्लोबल अध्यक्ष दीपक कुमार वर्मा ने डिज़ाइन योर कैरियर सत्र के माध्यम से सभी बच्चों एवं अभिभाभकों को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान शिक्षा पद्धति में बदलाव की आवश्यकता है। बच्चों का मूल्यांकन वैज्ञानिक तरीके से उनकी अभिरुचि,जुनून एवं कोर स्ट्रेंथ पर होनी चाहिए। देश की सभी भाषाओं में मनोवैज्ञानिक तरीकों से कोर स्ट्रेंथ को मापने के तरीका होना चाहिए।इन सब पैमानों के बाद ही बच्चों को उनका कैरियर डिज़ाइन करना चाहिए।इसको पूरा करने के लिए एकाग्रचित्त होकर पूरे परिश्रम से कार्य करना चाहिए तभी बच्चे अपने कैरियर के शीर्ष पर पहुंचेंगे।
डिजिटल एवं तकनीकी प्रकोष्ठ के ग्लोबल अध्यक्ष आनंद सिन्हा ने कहा कि डिजिटल माध्यम से और भी विषयों पर बहुत जल्द दूसरे सत्र भी आयोजिय होंगे, साथ ही साथ जीकेसी के यु ट्यूब चैनल से और भी इनफार्मेशन प्रकाशित की जाएगी।

Exit mobile version