समग्र समाचार सेवा
रायपुर, 8सितंबर। कार्टून एक ऐसी विधा है, जो कठिन से कठिन परिस्थितियों को बड़े सरल और सहज रूप में प्रस्तुत करती है। कार्टून में एक संदेश छिपा होता है। कार्टूनिस्ट, कार्टून के माध्यम से समाज की समस्याओं और कुरीतियों पर कटाक्ष करते हैं। साथ ही कई बार इसके जरिए सकारात्मक संदेश भी प्रदान किया जाता है। राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके आज राजभवन के दरबार हॉल में आयोजित कार्टून वॉच पत्रिका के रजत जयंती समारोह में मुख्य अतिथि की आसंदी से संबोधित कर रही थी। उन्होंने कहा कि कार्टून पर आधारित पत्रिका का 25 वर्ष पूर्ण होना एक बड़ी उपलब्धि है। इस अवसर पर राज्यपाल, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. चरणदास महंत, पूर्व मंत्री एवं विधायक श्री बृजमोहन अग्रवाल ने ड्राइंग बोर्ड पर कार्टून बनाकर समारोह का शुभारंभ किया। राज्यपाल ने कार्टून वॉच पत्रिका के संपादक श्री त्र्यम्बक शर्मा को पत्रिका के 25 वर्ष पूर्ण करने पर बधाई दी।

राज्यपाल ने कहा कि हमारे देश में आर.के. लक्ष्मण, सुधीर तैलंग, आबिद सुरती, मारियो मिरांडा जैसे महान कार्टूनिस्ट हुए, जिन्होंने देश के समसामयिक मुद्दों पर कार्टून बनाया और जनता का ध्यान आकर्षित भी किया। इनमें कई नाम ऐसे भी हैं, जिनका केवल कार्टून कॉलम देखने के लिए लोग अखबार खरीदा करते थे। हम छोटे बच्चों को कॉमिक्स के माध्यम से कई कहानियों से परिचित भी कराते थे। आज इस विधा का प्रचलन कहीं न कहीं अपेक्षाकृत कम हुआ है। इसकी जगह पर एनिमेशन, टी.वी. चैनल में आने वाले कई कार्यक्रमों ने ले ली है। आवश्यकता है कि इस विधा को जीवित रखें और नई पीढ़ियों को जानकारी देते रहें।
हरिभूमि के प्रधान संपादक श्री हिमांशु द्विवेदी ने कहा कि किसी पत्रिका विशेषकर कार्टून आधारित पत्रिका का रजत जयंती पूर्ण करना बड़ी उपलब्धि है। साथ ही हम सबके लिए गर्व की बात है कि कार्टून की एकमात्र पत्रिका छत्तीसगढ़ से प्रकाशित होती है।