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ऑपरेशन गंगा में हाथ बटाएगी वायुसेना, सी-17 विमान निभाएगा अहम भूमिका

the central government has taken a big decision. Prime Minister Narendra Modi on Tuesday launched an operation to evacuate Indians

समग्र समाचार सेवा

नई दिल्ली, 1 मार्च। यूक्रेन में फंसे भारतीयों को स्वदेश वापस लाने का अभियान तेज करते हुए केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को भारतीयों को निकालने के लिए चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन गंगा’ में वायुसेना को भी जुड़ने का आदेश दिया। वायु सेना के हवाई जहाज़ों के जुड़ने से भारतीयों के लौटने की प्रक्रिया गति पकड़ेगी और उनकी संख्या में भी वृद्धि होगी। इसके साथ ही भारत से भेजी जा रही राहत सामग्री भी और तेजी से पहुंचेगी। भारतीय वायु सेना के कई सी-17 विमान आज ऑपरेशन गंगा के तहत उड़ान शुरू कर सकते हैं।

1500 के करीब लोगों को यूक्रेन से भारत ला चुके

ऑपरेशन गंगा के तहत अब तक भारतीय विमान 1500 के करीब लोगों को यूक्रेन से भारत ला चुके हैं। हंगरी, पोलैंड, स्लोवाकिया समेत 5 देशों के रास्ते भारत सरकार अपने नागरिकों को स्वदेश लाने का काम कर रही है। अब तक 6 फ्लाइट भारतीयों को लेकर आ चुकी हैं। इस अभियान को और तेज करने के मकसद से ही केंद्र सरकार ने वायुसेना को भी इसमें शामिल करने का फैसला लिया है।

सी-17 ग्लोबमास्टर विमान के जरिए लोगों को भारत लाया जाएगा

सी-17 ग्लोबमास्टर विमान के जरिए लोगों को भारत लाया जाएगा। इससे पहले सोमवार को पीएम नरेंद्र मोदी ने ज्योतिरादित्य सिंधिया, वीके सिंह, हरदीप सिंह पुरी और किरेन रिजिजू को इस अभियान में शामिल होने को कहा था। सभी मंत्रियों को यूक्रेन के पड़ोसी देशों में जाकर रेस्क्यू ऑपरेशन की निगरानी करने को कहा गया था।

जैसे भी होवे लोग कीव शहर से बाहर निकल जाएं

यूक्रेन में फंसे भारतीयों को स्वदेश लाने का जो अभियान भारत सरकार ने शुरू किया है, उसे ‘ऑपरेशन गंगा’ का नाम दिया गया है। अब तक इस अभियान के तहत 1,500 के करीब भारतीयों को स्वदेश लाया जा चुका है। अब तक करीब 10,000 भारतीय स्वदेश लौट आए हैं। भारत सरकार की ओर से कंट्रोल सेंटर भी तैयार किए गए हैं, जो यूक्रेन से लौटने की कोशिश में जुटे भारतीयों की मदद करेगी। इस बीच यूक्रेन सरकार ने भारतीयों के लिए अलग से एडवाइजरी जारी की गई है और उन्हें तुरंत राजधानी कीव छोड़ने को कहा गया है। भारतीय दूतावास ने भी लोगों से कहा है कि जैसे भी हो, वे लोग कीव शहर से बाहर निकल जाएं।

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