Site icon Samagra Bharat News website

आईपीएस अफसर मणिलाल पाटीदार पर शिकंजा और कसा, विजिलेंस जांच में दोषी

समग्र समाचार सेवा

लखनऊ, 12 अप्रैल। महोबा में क्रशर का काम करने वाले इंद्रकांत त्रिपाठी की मौत के मामले में आरोपित आईपीएस अफसर मणिलाल पाटीदार पर अब विभागीय शिकंजा भी कस गया है। लम्बे समय से फरार चल रहे एक लाख के इनामी मणिलाल पाटीदार को विजिलेंस विभाग की जांच में दोषी पाया गया है। अब पाटीदार के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के लिए उत्तर प्रदेश शासन के गृह विभाग से भी मंजूरी मिली है।

मणिलाल पाटीदार लम्बे समय से फरार चल रहे

महोबा में एसपी रहे मणिलाल पाटीदार लम्बे समय से फरार चल रहे हैं। पाटीदार को विजिलेंस जांच में दोषी पाया गया है। अब उनके खिलाफ शासन की तरफ से केस दर्ज करने की अनुमति मिल गई है। पुलिस को पाटीदार की तलाश तो पहले से ही है, लेकिन अब उनके खिलाफ शिकंजा और कसेगा। शासन से अनुमति मिलने के बाद अब जल्द ही मणिलाल पाटीदार के खिलाफ केस दर्ज होगा।  उत्तर प्रदेश पुलिस ने फरार आईपीएस अफसर मणिलाल पाटीदार पर एक लाख रुपया का इनाम रखा है। पाटीदार को महोबा कांड के बाद सितंबर 2020 में निलंबित किया गया था।

मुख्यमंत्री योगी ने भी लिया था मामले पर संज्ञान

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महोबा के इंद्रकांत त्रिपाठी की मौत के बाद मणिलाल पाटीदार की चल-अचल संपत्तियों की विजिलेंस जांच के आदेश दिए थे। जांच में सामने आया है कि मणिलाल पाटीदार ने थानेदारों के जरिए वसूली का रैकेट चलाया था। इसके जरिए मणिलाल पाटीदारने बड़ी मात्रा में अवैध धन अर्जित करते हुए प्रॉपर्टी में निवेश किया था। विजिलेंस ने शासन से उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की अनुमति मांगी थी। जिसे मंजूर कर लिया गया है।

Exit mobile version