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एक बार फिर आंदोलन पर उतरें किसान, लखीमपुर खीरी में रखी ये मांगें

समग्र समाचार सेवा
लखनऊ, 18अगस्त। भारतीय किसान यूनियन टिकैत ग्रुप के बैनर तले उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में विशाल धरना प्रदर्शन का आयोजन किया जा रहा है. आज यानी गुरुवार 18 अगस्त को सुबह 11 बजे से शुरू होकर यह विशाल धरना प्रदर्शन करीब 75 घंटे तक चलेगा. करीब तीन दिन से ज्यादा चलने वाले इस धरना प्रदर्शन में 31 संगठनों के जत्थेदारों के शामिल होने की बात कही जा रही है. धरना स्थल पर तैयारियां जोरों पर हैं. प्रशासन ने भी इस धरना प्रदर्शन को लेकर खूब तैयारियां की हुई हैं.

इस धरना प्रदर्शन में पंजाब, हरियाणा, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती जिलों के किसान शामिल हो रहे हैं. धरने के चलते मंडी स्थल में भारी तादाद में पुलिस बलों को तैनात किया गया है. एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक राकेश टिकैत सुबह ही लखीमपुर पहुंच चुके थे. उनके अलावा भारतीय किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष दिलबाग सिंह भी यहां मौजूद रहेंगे.

किसान ने बताया कि यहां सारी व्यवस्थाएं कर ली गई हैं. उन्हें प्रशासन की ओर से पूरा समर्थन मिल रहा है. उन्होंने बताया कि यहां हजारों की संख्या में किसान पहुंच चुके हैं और हजारों किसान रास्ते में हैं, जो किसी भी वक्त यहां पहुंच सकते हैं. उन्होंने बताया कि यहां लंगर की व्यवस्था की गई है और चाय आदि का कार्यक्रम सुबह से ही जारी है.

बता दें कि पंजाब के हजारों किसान गाड़ियों और ट्रेनों में सवार होकर यहां पहुंच रहे हैं. किसानों का यह प्रदर्शन लखीमपुर खीरी में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी को बर्खास्त करने की मांग और राज्य में किसानों के ऊपर दर्ज मामलों को रद्द करने की मांगों को लेकर हो रहा है. इनके अलावा भी किसानों की कई मांगें हैं.

इन मांगों के साथ धरने पर बैठेंगे किसान
बेगुनाह किसानों को रिहा किया जाए
केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी को बर्खास्त किया जाए
सबी फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) दिया जाए
किसान आंदोलन के दौरान किसानों पर दर्ज मुकदमे वापस लिए जाएं
तिकुनिया समझौते के अनुसार यहां घायल किसानों को 10-10 लाख रुपये के मुआवजे का भुगतान हो
जिले में फसल खरीद केंद्रों की संख्या बढ़ाई जाएं
किसानों को सिंचाई के लिए मुफ्त में बिजली मिले
किसानों को जंगलात विभाग से मिले नोटिस रद्द हों और किसानों को उन जमीनों पर मालिकाना हक मिले

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