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ट्रैफिक में फंसी कार तो मरीज का इलाज करने के लिए 3 KM दौड़े डॉक्टर, सोशल मीडिया पर जमकर हुई तारीफ

समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 12सितंबर। कर्नाटक के मणिपाल अस्पताल के सर्जन डॉ गोविंद नंदकुमार ने अपने जिम्मेदारी को बेहतरीन ढंग से निभाकर लाखों लोगों का दिल जीत लिया. दरअसल, सर्जरी करने जा रहे डॉ गोविंद नंदकुमार कार से बीच ट्रैफिक में फंस गए. मरीज के जान को किसी तरह का खतरा न हो, इसके लिए उन्होंने ट्रैफिक में अपनी कार छोड़ सड़क पर अस्पताल के लिए पैदल ही दौड़ लगानी शुरू कर दी. अस्पताल की ओर भागते हुए उनका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. हर कोई उनकी सराहना कर रहा है. सुबोध कुमार नाम के शख्स ने कहा, सफेद कोट में एक महान इंसान दूसरे की जिंदगी बचाने के लिए ट्रैफिक को मात दे रहा है.

रंजन राय नाम के यूजर ने डॉक्टर को रियल हीरो बताते हुए कहा, डॉ गोविंद नंदकुमार, जो ट्रैफिक जाम में फंस गए थे. मरीज की सर्जरी के लिए हो रही देर के कारण वह अपनी कार को छोड़ 3 किमी दौड़े. एक अन्य यूजर ने कहा, बेंगलुरू के डॉ गोविंद नंदकुमार से मिलिए, जिन्होंने भारी ट्रैफिक में अपनी कार को छोड़ मरीज की सर्जरी करने के लिए अस्पताल की ओर दौड़ने का फैसला किया. हर हीरो टोपी नहीं पहनता, कुछ सफेद कोट भी पहनते हैं.
मामला 30 अगस्त का बताया जा रहा है, जब गैस्ट्रोएंटरोलॉजी सर्जन डॉ गोविंद नंदकुमार को पहले से तय पित्ताशय की थैली की सर्जरी करने के लिए बेंगलुरु के सरजापुर रोड स्थित मणिपाल अस्पताल जाना था, अपने अनुभव को साझा करते हुए, डॉ नंदकुमार ने कहा: ट्रैफिक के कारण गूगल मैप अस्पताल पहुंचने के लिए 45 मिनट का समय दिखा रहा था. आम तौर पर, उस रास्ते से अस्पताल पहुंचने में 5 से 10 मिनट का समय लगता हैं.
उन्होंने आगे कहा, मैंने थोड़ा इंतजार किया लेकिन गूगल मैप पर जब समय नहीं बदला तो मैंने पैदल चलकर जाने का फैसला किया। मैंने रोजाना दौड़ता हूं, कसरत करता हूं, मैंने अपने इन एक्टिविटीज का इस्तेमाल किया, सड़क पार की और लगभग 15 मिनट में 3 किलोमीटर की दूरी तय की. उन्होंने बताया कि उनके कार ड्राइवर को अस्पताल पहुंचने में ढाई घंटे लगे. नंदकुमार ने पिछले 18 वर्षों में 1,000 से अधिक सर्जरी की हैं. उनका कहना है कि यह पहली बार नहीं है, जब वह निर्धारित समय पर ऑपरेशन थियेटर तक पहुंचने के लिए दौड़े.

 

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