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आतंकियों,बदमाशों,तस्करों के गठजोड़ का सरदार लॉरेंस विश्नोई : NIA

इंद्र वशिष्ठ
आतंकवादियों, गैंगस्टरों और ड्रग तस्करों के सिंडिकेट द्वारा जनता के बीच आतंक पैदा करने की साजिश से जुड़े मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने सिंडिकेट के सरदार कुख्यात बदमाश लॉरेंस बिश्नोई को गिरफ्तार किया है.

एनआईए प्रवक्ता ने बताया कि लॉरेंस बिश्नोई पुत्र लविंदर कुमार बिश्नोई (निवासी वीपीओ- दुतारण वाली, अबोहर तहसील, फाजिल्का जिला, पंजाब) को 24-11-2022 को भटिंडा जेल से एफआईआर नंबर आरसी-39/2022/एनआईए/डीएलआई में गिरफ्तार किया गया है.

आतंकवाद के लिए भर्ती-
एनआईए के अनुसार यह मामला भारत और विदेशों में स्थित आपराधिक सिंडिकेट/गिरोहों के सदस्यों द्वारा धन जुटाने, दिल्ली और देश के अन्य हिस्सों में आतंकवादी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए युवाओं की भर्ती करने के लिए रची गई साजिश से संबंधित है. जिसमें देश के लोगों के मन में आतंक पैदा करने के इरादे से प्रमुख लोगों की हत्याओं सहित जघन्य अपराधों को अंजाम दिया जाता है।
इस सिलसिले में शुरू में दिल्ली पुलिस के स्पेशल सेल द्वारा (एफआईआर नंबर 238/04.08.2022) मामला दर्ज किया गया था. 26.08.2022 को एनआईए द्वारा फिर से मामला दर्ज किया गया.

डर,आतंक पैदा किया –
एनआईए को जांच में पता चला है कि लॉरेंस बिश्नोई के नेतृत्व में एक आतंकवादी, गैंगस्टर और ड्रग तस्कर सिंडिकेट कई लक्षित हत्याओं (टारगेट किलिंग) और व्यवसायियों सहित डॉक्टरों आदि पेशेवरों से जबरन वसूली में शामिल था.
इस सिंडिकेट ने बड़े पैमाने पर जनता के बीच डर और आतंक पैदा कर दिया था.
इस तरह की सभी आपराधिक गतिविधियां स्थानीय घटनाएं नहीं थीं, बल्कि देश के भीतर और बाहर दोनों जगह सक्रिय आतंकवादियों, गैंगस्टरों, मादक पदार्थों की तस्करी के कार्टेल और नेटवर्क के बीच गहरी साजिश का हिस्सा थी.

जेल से चला रहा गिरोह-
एनआईए ने जांच में यह पाया कि अधिकांश साजिशें लॉरेंस बिश्नोई द्वारा जेल के अंदर से रची गई थीं और उन्हें भारत और विदेशों में स्थित गुर्गों के एक संगठित नेटवर्क द्वारा अंजाम दिया गया था.
गिरफ्तार विश्नोई एक दशक से अधिक समय से पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान और दिल्ली में लक्षित और सनसनीखेज हत्याओं को अंजाम देने की साजिश सहित कई मामलों में शामिल और वांछित है.

आतंकवाद के लिए धन –
जांच में यह भी पता चला है कि लॉरेंस अपने भाइयों सचिन और अनमोल बिश्नोई और सहयोगी गोल्डी बराड़, काला जठेड़ी, काला राणा, बिक्रम बराड़ और संपत नेहरा सहित आतंकवादी / आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देने के लिए ड्रग्स और हथियारों की की तस्करी और जबरन वसूली के माध्यम से धन जुटा रहे थे.

सिद्धू मूसेवाला की हत्या में शामिल-
लॉरेंस विश्नोई पर पंजाब के गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या का भी आरोप है.
इस साल जून में पंजाब पुलिस गायक सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड में पूछताछ के लिए विश्नोई को दिल्ली से पंजाब लाई थी. इसके बाद विश्नोई को पंजाब में उसके खिलाफ दर्ज कई अन्य मामलों में राज्य पुलिस ने हिरासत में ले लिया था.

यूएपीए लगाया –
आतंकवादियों-अपराधियों-ड्रग/ हथियार तस्करों के नापाक गठजोड़ को नेस्तनाबूद करने के लिए एनआईए ने इस साल अगस्त में दो मामले दर्ज कर सितंबर, अक्टूबर में छापेमारी की थी।
एनआईए ने अगस्त 2022 में नीरज बवाना, लॉरेंस बिश्नोई समेत अनेक कुख्यात गिरोहों के सरगनाओं पर मामले दर्ज कर जांच शुरू की थी। इन पर गैरकानूनी गतिविधियां निरोधक कानून (यूएपीए) की धारा भी लगाई गई थी।
एनआईए ने 12 सितंबर को कनाडा में मौजूद बदमाश गोल्डी बरार के भारत स्थित ठिकानों, लारेंस विश्नोई, जग्गू भगवानपुरिया, वीरेंद्र प्रताप उर्फ काला राणा, संदीप उर्फ काला जठेड़ी, विक्रम बरार, गौरव पटियाल उर्फ लक्की ( गौरव पहले आर्मेनिया में पकड़ा गया था), नीरज बवाना, कौशल चौधरी, टिल्लू ताजपुरिया, अमित डागर, दीपक कुमार उर्फ टीनू, संदीप उर्फ बंदर, उमेश उर्फ काला, इरफान उर्फ चीनू पहलवान, आसिम उर्फ हाशिम बाबा, सचिन भांजा और इनके साथियों के ठिकानों पर छापेमारी की थी।
एनआईए ने तब पांच राज्यों में इन बदमाशों के पचास से ज्यादा ठिकानों पर छापेमारी की थी।
नीरज बवाना के घर से मिले अवैध हथियार के मामले में उसके पिता को पुलिस ने गिरफ्तार किया था।
इसी अभियान के तहत एनआईए ने 18 अक्टूबर को दूसरी बार पांच राज्यों में बदमाशों के 52 ठिकानों पर छापेमारी की।
इस अभियान के तहत कुख्यात बदमाशों, उनके आपराधिक/ बिजनेस सहयोगियों, शराब माफिया और हथियार सप्लायर के ठिकानों पर यह छापेमारी की गई।

वकील गिरफ्तार-
एनआईए प्रवक्ता ने बताया कि उत्तर पूर्वी दिल्ली में उस्मान पुर के गौतम विहार निवासी वकील आसिफ खान को 18 अक्टूबर को गिरफ्तार किया गया।
आसिफ खान के परिसर की तलाशी में चार पिस्तौल आदि हथियार बरामद हुए है। पिस्तौल गुप्त स्थान पर छिपाई गई थी।
एनआईए के अनुसार वकील आसिफ खान जेल में बंद और बाहर मौजूद दिल्ली और हरियाणा के अपराधियों के संपर्क में था।
वकील आसिफ अपराधियों की गैरकानूनी और आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देने में सक्रिय रूप से शामिल था।

शराब माफिया-
एनआईए ने अवैध शराब माफिया राजेश उर्फ राजू मोटा निवासी बसोडी, सोनीपत हरियाणा को भी गिरफ्तार किया है। सोनीपत और आसपास के इलाके में सक्रिय शराब माफिया राजेश कुख्यात बदमाश संदीप उर्फ काला जठेड़ी का साथी है। अपराध से कमाई मोटी रकम अवैध शराब के धंधे में लगाई गई है।

नेस्तनाबूद करने का अभियान-
एनआईए का मकसद भारत और विदेशों में स्थित आतंकवादियों, बदमाशों और ड्रग / हथियार तस्करों के गठजोड़ को खत्म करना है।

आईएसआई और खालिस्तानियों से संबंध-
पुलिस को जांच के दौरान खासतौर पर पंजाब के बदमाशों का आईएसआई और खालिस्तानी आतंकियों के साथ संबंध की बात सामने आई थी इसके बाद एनआईए ने आतंकियों, बदमाशों, तस्करों के गठजोड़ को खत्म करने का अभियान शुरू किया है।

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