Site icon Samagra Bharat News website

मराठा आरक्षण के लिए एक और सुसाइड, अब नाबालिग लड़की ने लगा ली फांसी; जान देने वालों की बढ़ी संख्या

Another suicide for Maratha reservation, now minor girl hangs herself; increased number of people giving up their lives

समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 18नवंबर। महाराष्ट्र के जालना में 14 वर्षीय एक लड़की ने कथित रूप से मराठा समुदाय के लिए आरक्षण की मांग को लेकर आत्महत्या कर ली. अधिकारी के मुताबिक, नाबालिग लड़की ने सोमेश्वर इलाके में अपने घर के एक कमरे में फांसी लगा ली. अधिकारी ने बताया कि नाबालिग का एक पत्र बरामद हुआ है, जिसमें उसने कथित तौर पर लिखा है कि मराठा समुदाय को आरक्षण मिलना चाहिए और मेरे शब्द व्यर्थ नहीं जाने चाहिए. अधिकारी ने बताया, ‘लड़की को एक नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया. पुलिस को शुक्रवार सुबह घटना की जानकारी दी गई.’ उन्होंने बताया कि इस घटना के सिलसिले में लिंबगांव थाने में मामला दर्ज कर जांच की जा रही है.
बता दें कि इससे पहले 14 नवंबर को महाराष्ट्र के नांदेड़ शहर में आरक्षण के मुद्दे पर मराठा समुदाय के 23 वर्षीय एक व्यक्ति ने कथित तौर पर जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली थी. मार्लाक गांव का निवासी दाजिबा रामदास कदम किसी काम से शहर आया था और 11 नवंबर को जेंडा चौक क्षेत्र में उसने जहरीला पदार्थ खा लिया था. इससे पहले भी इस तरह की कई घटनाएं हो चुकी हैं.

मराठा आरक्षण का विरोध नहीं करते, लेकिन ओबीसी कोटे में कटौती नहीं होनी चाहिए: भुजबल
इस बीच महाराष्ट्र के मंत्री छगन भुजबल ने दोहराया कि मराठों को आरक्षण देते समय अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के लिए मौजूदा आरक्षण में कटौती नहीं की जानी चाहिए. उन्होंने मराठा कार्यकर्ता मनोज जरांगे के बयान को लेकर उनपर निशाना भी साधा. ओबीसी समुदायों की एक रैली में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के नेता भुजबल ने पूछा कि अचानक मराठों को कुनबी जाति से संबंधित दिखाने वाले कई रिकॉर्ड कैसे मिल जा रहे हैं.

Exit mobile version