समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली,22 जनवरी। डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका के राष्ट्रपति के रूप में अपने दूसरे कार्यकाल की शुरुआत पहले ही दिन कई बड़े और विवादास्पद कार्यकारी आदेशों पर हस्ताक्षर करके की। उनके निर्णयों ने न केवल अमेरिका की नीति को नया मोड़ दिया, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी गहरा प्रभाव डाला।
मुख्य निर्णय और उनके प्रभाव
1. पेरिस जलवायु समझौते से अमेरिका की वापसी
डोनाल्ड ट्रंप ने पेरिस जलवायु समझौते से अमेरिका को बाहर निकालने का निर्णय लिया। उन्होंने इसे अमेरिकी उद्योगों और रोजगार के खिलाफ बताया। उनका मानना है कि इस समझौते से ऊर्जा उत्पादन पर अनावश्यक दबाव बनता है और यह अमेरिकी आर्थिक विकास में बाधा डालता है।
2. विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) से अलगाव
ट्रंप ने विश्व स्वास्थ्य संगठन से अमेरिका की सदस्यता समाप्त करने का आदेश दिया। उन्होंने WHO पर कोविड-19 महामारी के दौरान चीन का पक्ष लेने और अमेरिका के साथ पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाने का आरोप लगाया।
3. ग्रीन न्यू डील का अंत और ऊर्जा आपातकाल की घोषणा
ट्रंप ने ग्रीन न्यू डील को समाप्त कर दिया और देश में जीवाश्म ईंधन विकास को प्राथमिकता देने के लिए राष्ट्रीय ऊर्जा आपातकाल घोषित किया। उन्होंने यह भी कहा कि इलेक्ट्रिक ऊर्जा के लक्ष्यों को समाप्त करना अमेरिका को “ऊर्जा स्वतंत्रता” की दिशा में आगे बढ़ाने का कदम है।
4. टिकटॉक पर प्रतिबंध रोकना
चीन के स्वामित्व वाले ऐप टिकटॉक पर प्रतिबंध को ट्रंप ने अस्थायी रूप से रोक दिया। उन्होंने इस निर्णय को व्यापारिक संतुलन और डिजिटल नीति के पुनर्मूल्यांकन के तहत लिया।
5. लिंग की नई परिभाषा
एक आदेश में ट्रंप ने लिंग को जैविक लक्षणों के आधार पर पुरुष या महिला के रूप में परिभाषित किया। यह कदम ट्रांसजेंडर अधिकारों पर पिछले प्रशासन द्वारा उठाए गए प्रगतिशील कदमों से पीछे हटने के रूप में देखा जा रहा है।
6. बाइडन-युग के आदेशों की समाप्ति
ट्रंप ने बाइडन प्रशासन के 78 आदेशों को रद्द कर दिया। इनमें विविधता, नस्लीय समानता, और लैंगिक प्राथमिकताओं से जुड़े आदेश शामिल थे। ट्रंप ने “मेरिट-आधारित नीतियों” पर लौटने की बात कही।
7. जनवरी 6 के आरोपियों को माफी
ट्रंप ने 6 जनवरी 2021 को कैपिटल हिल पर हुए दंगों में शामिल 1,600 लोगों को माफी दे दी। इसे उनके समर्थकों के प्रति उनके निष्ठा और राजनीतिक आधार को मजबूत करने के रूप में देखा जा रहा है।
विवाद और प्रतिक्रियाएँ
ट्रंप के फैसलों ने समर्थकों और विरोधियों के बीच तीव्र प्रतिक्रिया पैदा की। जहां उनके समर्थकों ने इसे “अमेरिका फर्स्ट” नीति के प्रति उनकी प्रतिबद्धता बताया, वहीं आलोचकों ने इसे पर्यावरण, मानवाधिकार, और वैश्विक स्थिरता के लिए एक बड़ा झटका करार दिया।
विशेषज्ञों का कहना है कि इन निर्णयों से अमेरिका की घरेलू और वैश्विक नीतियों पर लंबे समय तक प्रभाव पड़ेगा। इन आदेशों पर विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक समूहों की तीखी बहस के साथ कानूनी चुनौतियां भी सामने आ सकती हैं।
निष्कर्ष
राष्ट्रपति के रूप में अपने पहले ही दिन, डोनाल्ड ट्रंप ने यह स्पष्ट कर दिया है कि उनका प्रशासन उनके पिछले कार्यकाल से भी अधिक तेज़ और विवादास्पद निर्णय लेने के लिए तैयार है। आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि उनके ये फैसले अमेरिका और दुनिया पर क्या प्रभाव डालते हैं।

