Site icon Samagra Bharat News website

बिहार चुनाव 2025: मतदान की तारीखों का आज 4 बजे ऐलान

बिहार चुनाव 2025 मतदान की तारीखों का आज 4 बजे ऐलान

बिहार चुनाव 2025 मतदान की तारीखों का आज 4 बजे ऐलान

समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली/पटना, 6 अक्टूबर, 2025: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 का चुनावी बिगुल आज बजने जा रहा है। भारत निर्वाचन आयोग आज शाम 4 बजे बहुप्रतीक्षित बिहार विधानसभा चुनाव के विस्तृत कार्यक्रम की घोषणा करेगा। इस घोषणा के साथ ही राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो जाएंगी और राज्य में तत्काल प्रभाव से आदर्श आचार संहिता लागू हो जाएगी। निर्वाचन आयोग की टीम ने हाल ही में पटना का दो दिवसीय दौरा कर सभी राजनीतिक दलों, प्रशासनिक अधिकारियों और प्रवर्तन एजेंसियों के साथ गहन बैठकें की थीं, जिसके बाद आज तारीखों की घोषणा की जा रही है।

चुनाव आयोग ने छठ पूजा (Chhath Puja) जैसे महत्वपूर्ण त्योहारों और प्रवासी बिहारी मतदाताओं की बड़ी संख्या को ध्यान में रखते हुए चुनाव कार्यक्रम तैयार किया है।

कम चरणों में हो सकता है मतदान

सूत्रों के अनुसार, बिहार में इस बार पिछले चुनाव (2020) की तरह तीन चरणों की बजाय एक या अधिकतम दो चरणों में ही मतदान कराए जाने की संभावना है। 243 विधानसभा सीटों पर मतदान संभवतः नवंबर के पहले या दूसरे सप्ताह में संपन्न हो सकता है, ताकि 22 नवंबर से पहले मतगणना हो सके और नई सरकार का गठन हो जाए।

पिछले दिनों राजनीतिक दलों ने चुनाव आयोग के सामने अपनी-अपनी मांगें रखी थीं। जहां जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने एक चरण में चुनाव कराने की मांग की थी, वहीं राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने दो चरणों में वोटिंग कराने का सुझाव दिया था। आयोग ने सभी सुझावों पर विचार किया है और अंतिम निर्णय आज शाम की प्रेस कॉन्फ्रेंस में घोषित किया जाएगा।

NDA और महागठबंधन के बीच सीधा मुकाबला

बिहार का यह विधानसभा चुनाव मुख्य रूप से दो बड़े गठबंधनों, राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) और महागठबंधन (INDIA ब्लॉक) के बीच लड़ा जाएगा।

NDA: इस गठबंधन में नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली जेडीयू और बीजेपी प्रमुख साझेदार हैं। हाल ही में एलजेपी (रामविलास) जैसे दलों के साथ आने से गठबंधन मजबूत हुआ है। एनडीए, विकास और सुशासन के मुद्दे पर चुनाव लड़ रहा है।

महागठबंधन: तेजस्वी यादव के नेतृत्व में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) महागठबंधन का नेतृत्व कर रहा है, जिसमें कांग्रेस और वाम दल शामिल हैं। महागठबंधन जातिगत जनगणना, रोजगार और सामाजिक न्याय जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी में है।

इन दोनों प्रमुख गठबंधनों के अलावा, राजनीतिक रणनीतिकार से नेता बने प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी भी पहली बार अपनी किस्मत आजमा रही है, जो इस मुकाबले को और दिलचस्प बना सकती है।

बूथों पर नई पहल की तैयारी

मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) ने हाल ही में घोषणा की थी कि चुनाव प्रक्रिया को सुविधाजनक बनाने के लिए बिहार में कुल 17 नई पहल लागू की जाएंगी। इसमें पोलिंग बूथों पर मतदाताओं को मोबाइल ले जाने की अनुमति देना भी शामिल है, जिससे मतदाता अपनी भागीदारी को ‘सेल्फी’ के रूप में रिकॉर्ड कर सकेंगे। साथ ही, प्रत्येक मतदान केंद्र पर अधिकतम 1200 मतदाताओं को ही अनुमति दी जाएगी ताकि व्यवस्था सुचारू रहे। इन प्रशासनिक और तकनीकी सुधारों से चुनाव की पारदर्शिता और दक्षता बढ़ने की उम्मीद है।

आज शाम 4 बजे होने वाले ऐलान पर पूरे देश की निगाहें टिकी हुई हैं, क्योंकि यह केवल बिहार की नहीं, बल्कि राष्ट्रीय राजनीति की दिशा तय करने वाला चुनाव माना जा रहा है।

Exit mobile version