Site icon Samagra Bharat News website

कौन हैं पूर्व आईपीएस श्रीलेखा,जो भाजपा की जीत की चेहरा बनीं

कौन हैं पूर्व आईपीएस श्रीलेखा,जो भाजपा की जीत की चेहरा बनीं

समग्र समाचार सेवा
तिरुवनंतपुरम, 14 दिसंबर: केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में नगर निगम चुनाव के नतीजों ने राज्य की राजनीति में बड़ा बदलाव संकेत दिया है। दशकों से जिस नगर निगम पर वाम दलों का वर्चस्व रहा, वहां इस बार भारतीय जनता पार्टी की अगुवाई वाले गठबंधन ने स्पष्ट बढ़त हासिल कर ली है। यह जीत इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि करीब 45 वर्षों बाद लेफ्ट को यहां सत्ता से बाहर होना पड़ा है।

आंकड़ों में भाजपा की बढ़त

तिरुवनंतपुरम नगर निगम के 101 वार्डों में हुए चुनाव में भाजपा ने 50 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी के रूप में अपनी स्थिति मजबूत की है। वामपंथी गठबंधन को 29 सीटें मिलीं, जबकि कांग्रेस नेतृत्व वाले गठबंधन को 19 वार्डों में सफलता मिली। शेष सीटें निर्दलीय उम्मीदवारों के खाते में गईं। इस परिणाम ने मेयर पद को लेकर नई संभावनाएं खोल दी हैं।

आर श्रीलेखा क्यों हैं चर्चा में

चुनावी नतीजों के बाद सबसे अधिक जिस नाम की चर्चा है, वह है आर श्रीलेखा। उन्होंने सस्थामंगलम डिवीजन से जीत दर्ज की है। स्थानीय स्तर पर यह जीत असाधारण मानी जा रही है, क्योंकि इस क्षेत्र में पहले कभी किसी उम्मीदवार को इतनी निर्णायक बढ़त नहीं मिली थी। पार्टी के भीतर और बाहर, दोनों जगह उन्हें मेयर पद के लिए सबसे मजबूत चेहरा माना जा रहा है।

प्रशासन से राजनीति तक का सफर

आर श्रीलेखा केरल की पहली महिला आईपीएस अधिकारी रह चुकी हैं। उन्होंने वर्ष 1987 में पुलिस सेवा की शुरुआत की थी और तीन दशकों से अधिक समय तक विभिन्न अहम जिम्मेदारियां निभाईं। अपराध शाखा, सतर्कता विभाग, अग्निशमन सेवा, मोटर वाहन और जेल प्रशासन जैसे विभागों में उनके कार्यकाल को प्रभावशाली माना जाता है। वर्ष 2017 में वे पुलिस महानिदेशक के पद तक पहुंचीं और इस पद पर पहुंचने वाली राज्य की पहली महिला बनीं। दिसंबर 2020 में सेवानिवृत्ति के बाद उन्होंने सार्वजनिक जीवन में सक्रिय भूमिका निभाई।

भाजपा से जुड़ाव और आगे की राह

अक्टूबर 2024 में आर श्रीलेखा ने भाजपा की सदस्यता ली थी। उनका कहना रहा है कि सेवा काल में उन्होंने हमेशा निष्पक्षता के साथ काम किया। अब नगर निगम चुनाव में मिली जीत के बाद यह तय माना जा रहा है कि अंतिम निर्णय पार्टी नेतृत्व लेगा, लेकिन मेयर पद की दौड़ में उनका नाम सबसे आगे है।

 

Exit mobile version