Browsing: अरविंद केजरीवाली

घर से निकल रहे हो तो अपने सायों को भी साथ ले लो
जिन्हें धुंधला दिखता है अब, उन बूढ़ी मां का आशीर्वाद भी ले लो
सफर में तो राहों में धूप होगी, मंजिलें भी मजबूर होंगी
पांवों में छाले होंगे, तुमसे नाराज़ तेरे चाहने वाले होंगे’