Browsing: इं. आलोक शर्मा

आज कल पंचांग का प्रचलन बहुत ही कम है। जीवन की सभी घटनाओं का ब्यौरा हमारे पास सिर्फ ईसवी कैलेंडर के अनुसार ही है, कारण बहुत साफ़ है, घर में घडी भी ग्रेगोरियन कैलेंडर के अनुसार है, हाथ घडी भी ग्रेगोरियन कैलेंडर के अनुसार है यहाँ तक कि मोबाइल का प्रयोग समय देखने के लिए होने लगा है वह भी ग्रेगोरियन कैलेंडर अनुसार ही है।