Browsing: Kashi Tamil Sangamam

एक महीने तक चले काशी तमिल संगमम का शुक्रवार को भव्य आयोजन के साथ समापन हो गया। एम्फीथिएटर बीएचयू के मुक्ताकाशी प्रांगण में आयोजित इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में श्री अमित शाह, केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री मुख्य अतिथि के तौर पर मौजूद थे।

तमिल प्रतिनिधिमंडल के 8वें समूह ने महीने भर चलने वाले “काशी तमिल संगमम” के दौरान गंगा नदी के तट पर “हनुमान घाट” में पवित्र डुबकी लगाई। इस समूह में, अधिकतर तमिलनाडु के उद्यमी शामिल थे। वाराणसी में ‘हनुमान घाट’ को पहले ‘रामेश्वरम घाट’ के नाम से पहचाना जाता था।

तमिल उद्यमियों का एक समूह ‘काशी तमिल संगमम्’ में भाग लेने के लिए एर्नाकुलम-पटना सुपरफास्ट एक्सप्रेस रेलगाड़ी से पवित्र शहर काशी पहुंच गया है। आगमन पर वाराणसी कैंट में कल रात अपर मंडल रेल प्रबंधक श्री लालजी चौधरी द्वारा माल्यार्पण और फूल वर्षा के जरिए इन मेहमानों का स्वागत किया गया।

परंपरा, संस्कृति, सभ्यता और धार्मिक तीर्थयात्रा के साथ-साथ खेल एक ऐसा अन्य क्षेत्र है जिसे ‘काशी तमिल संगमम्’ में प्रतिभागियों की समग्र जुड़ाव योजना में शामिल किया गया है।

एक माह तक चलने वाले ‘काशी तमिल संगमम्’ में सम्मिलित होने के लिये तमिल शिष्टमंडल का दूसरा दल मंगलवार को काशी की पावन नगरी पहुंच गया है। इस दल में तमिलनाडु के विभिन्न भागों में रहने वाले छात्र, सांस्कृतिक कलाकार, अकादमीशियन, साहित्यकार, इतिहासकार आदि शामिल हैं

तमिलनाडु के छात्रों का एक समूह जैसे ही प्रयागराज शहर की यात्रा पर आया ‘संगम नगरी’ ‘काशी तमिल संगमम्’ से गूंज उठी। सोमवार को संगम घाट पर पहुंचने पर छात्रों का यह समूह ‘हर हर महादेव’ और ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाते हुए काफी उत्साहित नजर आया और प्रयागराज के स्थानीय निवासियों ने भी उनका तहेदिल से स्वागत किया।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज उत्तर प्रदेश के वाराणसी में एक महीने तक चलने वाले कार्यक्रम ‘काशी तमिल संगमम्’ का उद्घाटन किया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य देश के दो सबसे महत्वपूर्ण और प्राचीन शिक्षा केंद्रों, तमिलनाडु और काशी के बीच सदियों पुराने संबंधों का उत्सव मनाना, फिर से इसे मजबूत करना और खोज करना है।

केंद्रीय शिक्षा और कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्री श्री धर्मेंद्र प्रधान ने केंद्रीय मत्स्य पालन, डेयरी, पशुपालन और सूचना एवं प्रसारण राज्यमंत्री श्री एल. मुरुगन के साथ आज “काशी तमिल संगमम” की घोषणा की जो 16 नवंबर से 19 दिसंबर 2022 तक आयोजित किया जाएगा। श्री धर्मेंद्र प्रधान ने “काशी तमिल संगमम” के लिए पंजीकरण हेतु वेबसाइट भी शुरू की।