Browsing: kashi

देश में जाम की स्थिति से निजात दिलाने के लिए सरकार कई तरह की परियोजना बना रही है। ऐसी ही एक परियोजना देश की पवित्र नगरी वाराणसी में बनाई जा रही है। जिससे वाराणसी के लोगों को काफी फायदा होगा देश का पहला पब्लिक ट्रांसपोर्ट रोपवे वाराणसी में बनाया जा रहा है।

केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण तथा युवा कार्यक्रम और खेल मंत्री श्री अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा कि बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, वाराणसी में काशी तमिल संगमम् में सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन के माध्यम से प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने काशी और तमिलनाडु के बीच सदियों पुराने ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक संबंध को पुनर्जीवित किया है।

टाटा सन्स के अध्यक्ष श्री नटराजन चंद्रशेखरन ने आज ‘काशी तमिल संगमम्’ के आयोजन स्थल बीएचयू एम्फीथिएटर मैदान का दौरा किया।

तमिल उद्यमियों का एक समूह ‘काशी तमिल संगमम्’ में भाग लेने के लिए एर्नाकुलम-पटना सुपरफास्ट एक्सप्रेस रेलगाड़ी से पवित्र शहर काशी पहुंच गया है। आगमन पर वाराणसी कैंट में कल रात अपर मंडल रेल प्रबंधक श्री लालजी चौधरी द्वारा माल्यार्पण और फूल वर्षा के जरिए इन मेहमानों का स्वागत किया गया।

भारतीय भाषा समिति के अध्यक्ष और काशी तमिल संगम के मुख्य संयोजक पद्म श्री चामु कृष्णशास्त्री ने वाराणसी स्थित बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय केन्द्रीय पुस्तकालय में दुर्लभ तमिल पुस्तकों और पांडुलिपियों की प्रदर्शनी का उद्घाटन किया।

परंपरा, संस्कृति, सभ्यता और धार्मिक तीर्थयात्रा के साथ-साथ खेल एक ऐसा अन्य क्षेत्र है जिसे ‘काशी तमिल संगमम्’ में प्रतिभागियों की समग्र जुड़ाव योजना में शामिल किया गया है।

एक माह तक चलने वाले ‘काशी तमिल संगमम्’ में सम्मिलित होने के लिये तमिल शिष्टमंडल का दूसरा दल मंगलवार को काशी की पावन नगरी पहुंच गया है। इस दल में तमिलनाडु के विभिन्न भागों में रहने वाले छात्र, सांस्कृतिक कलाकार, अकादमीशियन, साहित्यकार, इतिहासकार आदि शामिल हैं

काशी तमिल संगमम में शामिल होने के लिए तमिलनाडु से काशी आए प्रतिनिधियों के पहले जत्थे ने पवित्र नदी गंगा के घाट, श्री काशी विश्वनाथ मंदिर, तथागत घाट और मूलगंधा कुटी विहार सारनाथ और बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के विशाल परिसर में स्थित प्रदर्शनी स्थलों का अवलोकन किया। ।

केन्द्रीय शिक्षा और कौशल विकास एवं उद्यमशीलता मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शुक्रवार को वाराणसी में महाकवि सुब्रमण्यम भारथियार के 96 वर्षीय भतीजे श्री के. वी. कृष्णन और उनके परिवार से मुलाकात की।

काशी तमिल संगमम की पूर्व संध्या पर महादेव की नगरी दो संस्कृतियों के महामिलन से बम-बम हो गयी। यह तमिलनाडु के शैव मठाधीशों (आधीनम) के आगमन का अवसर बना। नौ रत्नों की भांति नौ शैव मठाधीशों का काशी नगरी ने अपनी परम्पराओं के अनुरूप दिव्य-भव्य स्वागत किया।