कर्तव्य, कर्म और कर्मयोग का कृष्ण पर्वBy Samagra BharatAugust 30, 2021 अंशु सारडा’अन्वि’ “नियतं कुरु कर्म त्वं कर्म ज्यायो ह्कर्मण:। शरीरयात्रापि। च ते न प्रसिद्धयेकर्मण:।” श्रीमद्भगवत गीता के तीसरे अध्याय में श्रीकृष्ण अर्जुन को कहते हैं, अपना…