Browsing: त्रिदीब रमण
खड़गे के भाग्य से कैसे छींका टूटा
क्या ममता का करिश्मा फीका पड़ रहा है?
क्या अशोक गहलोत होंगे कांग्रेस के अगले अध्यक्ष?
’जब धू-धू कर जले थे सारे अरमान मेरे माचिस की डिब्बियों पर थे निशान तेरे’ अपने अस्तित्व को बचाए रखने की लड़ाई लड़ रही कांग्रेस को…
’तेरी चाहतों का इस कदर असर है, तेरे सिवा कोई और नहीं जहां तक ये सहर है ज़िद है कि तेरे लिए फलक से चांद तोड़…
त्रिदीब रमण ’कहां तो हौसला था कि आसमां से सूरज उतार लाएंगे तेरी जुल्फों में उलझे सावन से हम भी बहार लाएंगे पर नए दौर का…
’कितनी मुद्दत से सोए नहीं हो तुम सारा हम हिसाब छोड़ आए हैं ज़िद करके हम भी तुम्हारी आंखों में चंद ख्वाब छोड़ आए हैं’ पिछले…
त्रिदीब रमण तेरे कूचे से अपनी याराना पुरानी कहां काम आई निकाले गए ऐसे जैसे तुझसे कोई नाता न था हरजाई’ बिहार प्रदेश कांग्रेस…
’हम तो कड़ी धूप में तेरी ओर नंगे पांव चले चले तुम भी पर संभल कर छांव-छांव चले’ राजस्थान की प्रखर…
त्रिदीब रमण ’हमारे हौसले कम न थे, रगों में दौड़ते खून में भी रफ्तार थी भले कितनी ही कुंद हमारे तलवारों की धार थी दुश्मन…