Browsing: मां पिता की याद कविता

यह मैं नहीं, मेरी परछाईं है, जो यहाँ हज़ारों मील दूर चली आई है। मेरा दिल तो भारत में रहता है, जहाँ रहते मेरे पिता, मेरी…